यदि अन्ना हजारे पर कांग्रेस आरोप लगा रही है कि अन्ना का राजनीती करण हो गया . या अन्ना राजा हरीश चन्द्र नहीं हैं आदि आदि .....तो क्या इन सब आरोपों का अर्थ यह है कि भ्रष्टाचार कि बात करना गलत है ? क्या इन सब आरोपों का अर्थ यह है कि यदि अन्ना भ्रष्टाचार विषय छोड़ दें तो वो कांग्रेस के पसंदीदा हो जाएँगे / और यदि अन्य राजनैतिक पार्टी भ्रष्टाचार के विरोध में अन्ना के साथ आना चाहती हैं ...तो इन सब बातों का विरोध क्यों ???
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